आज दक्षिणी दिल्ली के सांसद श्री रमेश बिधूड़ी ने अपनी आठवीं ‘गांधी संकल्प यात्रा’ की शुरूआत महरौली विधान सभा में प्रातः 8ः30 बजे जे-ब्लॉक मार्किट साकेत से की। जहॉं यात्रा प्रारंभ से पूर्व श्री बिधूड़ी ने उपस्थित भाजपा कार्यकर्ताओं, समर्थकों और महरौली क्षेत्रवासियों को सम्बोधित करते हुए कहा कि देश की आजादी में महात्मा गांधी जी ने अहिंसा, शान्ति और अपने अन्य देशहित संदेशों को लेकर आजादी प्राप्त की थी, अगर कांग्रेस के लोग महात्मा गांधी जी के विचारों को सही प्रकार से समझते और उन पर चलते तो देश 30 वर्ष पहले ही विश्वगुरू बन गया होता, परन्तु यह देश का दुर्भाग्य रहा कि एक परिवार देश पर अपना आधिपत्य जमाकर शासन करता रहा। देश के गरीब लोग अपनी तकदीर को कोसते रहे, वह समझते रहे कि हमारी तकदीर में यही लिखा है और यह ऐसे ही चलता रहेगा। उन्होंने बताया कि धारा 370 व 35ए आज से 40 वर्ष पहले ही समाप्त हो जानी चाहिए थी, लेकिन कांग्रेस के कुशासन और कुनीतियों के चलते यह नहीं हो सका। जम्मू-कश्मीर जो तिलमिलाता रहा था 370 और 35ए के कारण वह 72 साल की समस्या 72 घंटे में समाप्त कर दी गई, इसके समाप्त होने का तात्पर्य है केवल यह है कि हमारे देश के माननीय प्रधानमंत्री जिन्होंने पूरी दुनिया में जाकर केवल शांति और विकास की बात की, अपने शांतिपूर्ण विचारों और अपनी कार्यशैली को देश और दुनिया के समक्ष रखा, जहॉं आतंकवाद सभी की परेशानी का विषय बना हुआ था, हमारे प्रधानमंत्री इस आतंकवाद के खिलाफ आगे बढे़ जिसका परिणाम ये रहा कि आज पूरी दुनिया उनके साथ खड़ी है, यह शांति और अहिंसा का नारा भी महात्मा गांधी जी का था, जिसे दुनिया में ले जाने का कार्य हमारे प्रधानमंत्री जी ने किया। उन्होंने कहा कि हम सबको भी इसी मंत्र के साथ आगे बढ़ना है।

श्री बिधूड़ी ने स्वदेशी का महत्व समझाते हुए कहा कि विदेशी सामान की होली  जलाने का आग्रह बापू ने किया था और पूरे देश में उस समय की लगभग 40-45 करोड़ की आबादी ने बड़-चड़कर हिस्सा लिया था, और उसी दिशा में चलते हुए हमारे माननीय प्रधानमंत्री जी ने ‘मेक इन इंडिया’ योजना बनाई वो इसलिए की भारत में ही निर्मित वस्तुओं का प्रयोग देशवासी करें जिससे नौजवानों को रोजगार भी मिलेगा और देश की अर्थव्यवस्था में भी वृद्धि होगी। श्री बिधूड़ी ने बताया कि बापू ने देश में गरीबी और बदहाली को महसूस कर नशाबंदी पर जोर दिया था, जिस पर उनके विचार थे कि अगर देश को आजाद कराना है तो नशाबंदी होनी चाहिए, और शांति के मार्ग पर चलते हुए केवल विकास की बातें करनी चाहिए ये महात्मा गांधी जी का संकल्प था।

श्री बिधूड़ी ने लोगों को स्वच्छता का संदेश देते हुए कहा कि गांधी जी के सपने को साकार करने के लिए माननीय प्रधानमंत्री जी ने स्वच्छ भारत स्वस्थ भारत योजना की शुरूआत की, क्योंकि स्वच्छता ही अच्छे स्वास्थ्य की जननी है, अगर मनुष्य स्वच्छ रहेगा, तो वह स्वस्थ रहेगा, वह स्वस्थ रहेगा तो उसकी कार्यक्षमता बढ़ेगी, चाहें वह मनुष्य कृषि के क्षेत्र में कार्यरत हो, उद्योग के क्षेत्र में हो या मजदूर हो उसकी कार्यक्षमता अगर बढेगी तो पूर्ण कार्य संपन्नता के लिए आमदनी भी बढ़ेगी जिससे उसके परिवार में सुख-समृधि व वैभव रहेगा। उन्होंने लोगों को ‘बापू मन में’ का अर्थ बताते हुए कहा कि बापू के मन में देश की समृद्धि और लोगों की उन्नति के लिए जो विचार थे वह जन-जन के मन हों, और उन्हीं को साथ लेकर लोग आगे चलेंगे तो भारत विश्वगुरू की पंक्ति में आज है जिसे विश्वगुरू बनने में अधिक समय नहीं लगेगा।

स्वच्छता और सिंगल यूज प्लास्टिक का संदेश देते हुए व जगह-जगह सफाई अभियान चलाते हुए यह पदयात्रा जे-ब्लॉक साकेत से प्रारंभ होकर लाड़ो सराय, अंधेरिया मोड़, महरौली, किशनगढ़ व वसंत कुंज होते हुए कटवारिया सराय में समाप्त की गई।